बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली/मुंबई | 8 मई, 2026 | Gold, Silver Price High: कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में उबाल और अमेरिका-ईरान के बीच युद्ध विराम की शर्तों को लेकर गहराती अनिश्चितता (Uncertainty) ने सर्राफा बाजार को एक बार फिर आग लगा दी है। गुरुवार के बाद, शुक्रवार (8 मई, 2026) को भी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सोने और चांदी की कीमतों में ज़बरदस्त तेजी देखी गई।
हैरान करने वाली बात यह है कि देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के हाजिर बाजार (Spot Market) में सोने की कीमत ऐतिहासिक रूप से ₹1.5 लाख प्रति 10 ग्राम के आंकड़े को पार कर गई है, जबकि चांदी भी ₹2.5 लाख प्रति किलोग्राम के ऊपर ट्रेंड कर रही है।
क्यों लगी है सोने-चांदी में आग?
सर्राफा बाजार के विश्लेषकों (Analysts) के अनुसार, बुलियन मार्केट की इस तेज़ी के पीछे दो प्रमुख कारक हैं:
1. अमेरिका-ईरान शांति समझौते पर अनिश्चितता
दुनिया भर की नज़रें अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष को समाप्त करने के लिए प्रस्तावित ’14-सूत्रीय शांति समझौते’ पर टिकी हैं। ट्रम्प प्रशासन और तेहरान के बीच पिछले 24 घंटों में “बहुत अच्छी बातचीत” (Very Good Talks) के दावों के बावजूद, जमीनी हकीकत अभी भी अनिश्चित बनी हुई है।
विशेष रूप से, अमेरिका की कुछ प्रमुख शर्तें, जैसे स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से खोलना, पर अभी तक पूरी सहमति नहीं बनी है। यह अनिश्चितता वैश्विक निवेशकों को ‘सेफ हेवन’ (Safe Haven) यानी सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की ओर ढकेल रही है।
2. कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें
युद्ध की स्थिति और होर्मुज की नाकेबंदी के कारण कच्चे तेल (Brent Crude) की कीमतें ऊँचे स्तर पर बनी हुई हैं, यद्यपि इसमें मामूली गिरावट (₹99 प्रति बैरल तक) आई है, लेकिन तनाव अभी भी बरकरार है। कच्चे तेल में तेजी मुद्रास्फीति (Inflation) की चिंताओं को बढ़ाती है, जिससे सोने की मांग बढ़ जाती है।
मुंबई हाजिर बाजार: आज के ताजा भाव
मुंबई के हाजिर बाजार में आज (8 मई, 2026) सोने और चांदी की कीमतें इस प्रकार खुलीं, जो पिछले रिकॉर्ड्स को ध्वस्त कर रही हैं:
यह संभवतः पहली बार है जब भारत के प्रमुख हाजिर बाजार में सोना ₹1.51 लाख के ऊपर पहुँच गया है।
MCX (वायदा बाजार) पर भी भारी उछाल
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर भी सुबह के कारोबार में ज़बरदस्त हलचल रही।
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सोना (Gold Futures): 5 जून की समाप्ति वाले सोने के वायदा अनुबंध सुबह 10:49 बजे ₹1,52,887 के इंट्राडे हाई पर कारोबार कर रहे थे। यह ₹755 या 0.49% की बढ़त थी। दिन का निचला स्तर ₹1,52,400 रहा।
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चांदी (Silver Futures): 3 जुलाई की समाप्ति वाले चांदी के वायदा अनुबंध में और भी बड़ी तेजी देखी गई। यह 1.49% या ₹3,790 उछलकर ₹2,57,055 के इंट्राडे हाई पर पहुँच गई। चांदी की शुरुआत ₹2,54,998 पर हुई थी।
विश्लेषकों का नज़रिया: “सावधानीपूर्वक सकारात्मक”
यद्यपि कीमतें ऊँचे स्तर पर हैं, लेकिन विश्लेषक निकट अवधि के लिए “सावधानीपूर्वक सकारात्मक” (Cautiously Positive) दृष्टिकोण अपना रहे हैं। भू-राजनीतिक (Geopolitical) खबरें बाजार को चला रही हैं।
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार वी.के. विजयकुमार ने इकोनॉमिक टाइम्स को बताया कि बाजार का मूड “आशा और भय के बीच झूलता हुआ” (Swinging between hope and fear) है। पश्चिम एशिया (West Asia) की खबरें कच्चे तेल में उतार-चढ़ाव बढ़ा रही हैं, जिसका सीधा असर सोने-चांदी पर पड़ रहा है।
क्रक्स (investors) के लिए यह है: यदि बातचीत विफल होती है, तो कच्चे तेल और सर्राफा की कीमतें फिर से बढ़ सकती हैं। एक समझौता थोड़ी राहत देगा, लेकिन तेल की कीमतें ऊँचे स्तर पर ही बनी रहेंगी। इसलिए, निवेशकों को “वेट एंड वॉच” (Wait and watch) की नीति अपनानी चाहिए।
सोना-चांदी: एक नज़र में मुख्य आँकड़े (8 मई, 2026)
डिस्क्लेमर: सर्राफा बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।
(नोट: * ये MCX वायदा बाजार के सुबह 10:49 बजे तक के इंट्राडे हाई आँकड़े हैं, वास्तविक क्लोजिंग आँकड़े थोड़े भिन्न हो सकते हैं।)

