AI Impact Summit 2026: दिल्ली में जुटेगा दुनिया का ‘दिमाग’; सुंदर पिचाई से लेकर सैम ऑल्टमैन तक, जानें कौन-कौन आ रहा है भारत

Channelindiaone
4 Min Read

नई दिल्ली | 12 फरवरी, 2026

भारत की राजधानी दिल्ली अगले कुछ दिनों के लिए पूरी दुनिया के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का केंद्र बनने जा रही है। 16 से 20 फरवरी 2026 तक भारत मंडपम में आयोजित होने वाला ‘India AI Impact Summit 2026’ न केवल तकनीक का संगम है, बल्कि यह ग्लोबल साउथ (Global South) में आयोजित होने वाला अपनी तरह का पहला वैश्विक शिखर सम्मेलन भी है।

गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी

शिखर सम्मेलन की शुरुआत एक अनोखे मिशन के साथ हो रही है। IndiaAI और Intel India मिलकर 16-17 फरवरी को एक डिजिटल कैंपेन चलाएंगे। इनका लक्ष्य 24 घंटे के भीतर ‘जिम्मेदार AI’ (AI Responsibility) के लिए सबसे अधिक प्रतिज्ञाएं (Pledges) लेने का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाना है। यह अभियान नागरिकों को तकनीक के नैतिक और सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक करेगा।


दिग्गजों का जमावड़ा: कौन-कौन शामिल हो रहा है?

इस सम्मेलन में सिलिकॉन वैली के सबसे बड़े नाम दिल्ली की जमीन पर उतरेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 19 फरवरी को मुख्य सत्र को संबोधित कर सकते हैं।

  • ग्लोबल टेक लीडर्स: गूगल (Google) के सुंदर पिचाई, OpenAI के सैम ऑल्टमैन, एनवीडिया (Nvidia) के जेन्सेन हुआंग और एंथ्रोपिक (Anthropic) के डारियो अमोदेई अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे।

  • अन्य दिग्गज: माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स और प्रेसिडेंट ब्रैड स्मिथ, गूगल डीपमाइंड के डेमिस हसबिस और मेटा के चीफ AI साइंटिस्ट यान लेकन भी चर्चा में शामिल होंगे।

  • भारतीय उद्योग जगत: रिलायंस के मुकेश अंबानी, टाटा संस के एन. चंद्रशेखरन और इंफोसिस के नंदन नीलेकणी जैसे दिग्गज भारतीय पक्ष का नेतृत्व करेंगे।

खास बात: शिखर सम्मेलन के कारण दिल्ली के फाइव-स्टार होटलों की मांग इतनी बढ़ गई है कि कुछ लग्जरी सूट्स का किराया ₹25 लाख से ₹30 लाख प्रति रात तक पहुँच गया है।


3 सूत्र और 7 चक्र: क्या है समिट का एजेंडा?

पूरा आयोजन ‘पीपल, प्लैनेट और प्रोग्रेस’ (People, Planet, Progress) के तीन मुख्य स्तंभों (Sutras) पर आधारित है। इसे आगे 7 विषयगत समूहों या ‘चक्रों’ में बांटा गया है:

  1. स्किलिंग: रोजगार के बदलते स्वरूप और नई स्किल्स की जरूरत।

  2. सस्टेनेबिलिटी: ऊर्जा की कम खपत वाला और पर्यावरण के अनुकूल AI।

  3. इन्क्लूसिव ग्रोथ: किसानों, छोटे व्यापारियों और आम जनता तक AI के लाभ पहुँचाना।

  4. सॉवरेन AI: भारत के अपने स्वदेशी AI मॉडल्स का विकास।


स्टार्टअप्स और युवाओं के लिए बड़े मौके

इस सम्मेलन में सिर्फ चर्चा ही नहीं, बल्कि भारी इनाम भी हैं। ‘AI for ALL’ और ‘AI by HER’ (महिलाओं के लिए) जैसे ग्लोबल चैलेंजेस के विजेताओं को ₹2.50 करोड़ तक के पुरस्कार दिए जाएंगे। वहीं, 13 से 21 साल के युवाओं के लिए ‘YUVAi’ चुनौती रखी गई है, जिसमें ₹85 लाख तक के इनाम हैं।

70,000 वर्ग मीटर में फैला AI Impact Expo इस समिट का मुख्य आकर्षण होगा, जहाँ 30 देशों के 300 से अधिक प्रदर्शक अपनी तकनीक का प्रदर्शन करेंगे।

भारत क्यों बना सबकी पसंद?

दुनियाभर की टेक कंपनियों की नजर भारत पर इसलिए है क्योंकि:

  • दुनिया का लगभग 20% डेटा भारत में पैदा होता है।

  • भारत के पास दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा AI वर्कफोर्स है।

  • सरकार डेटा सेंटर्स के लिए 21 साल तक की टैक्स छूट जैसे आकर्षक इंसेंटिव दे रही है।

सावधानी: 19 और 20 फरवरी को दिल्ली के स्कूल बोर्ड एग्जाम्स भी हैं, इसलिए समिट के कारण होने वाली ट्रैफिक सुरक्षा को लेकर विशेष एडवाइजरी जारी की गई है।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!