नई दिल्ली: भारतीय युवा कांग्रेस (IYC) के अध्यक्ष उदय भानु चिब और अन्य कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी को लेकर सियासत गरमा गई है। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए इस कार्रवाई को “अत्यंत निंदनीय” और “शर्मनाक” करार दिया है।
क्या है पूरा मामला?
पिछले हफ्ते दिल्ली में आयोजित ‘AI समिट’ के दौरान युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने अनोखे अंदाज में विरोध प्रदर्शन किया था। प्रदर्शनकारियों ने अपनी शर्ट उतारकर सरकार की नीतियों और भारत-अमेरिका व्यापार सौदे के खिलाफ नारेबाजी की थी। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में उदय भानु चिब को “मुख्य साजिशकर्ता” बताते हुए गिरफ्तार किया है। उन पर और अन्य 7 कार्यकर्ताओं पर दंगे (Rioting) की धाराएं भी जोड़ी गई हैं।
प्रियंका गांधी का पलटवार: “सत्य के लिए लड़ना हमारी विरासत”
प्रियंका गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर सरकार को घेरते हुए कहा कि शांतिपूर्ण और अहिंसक तरीके से अपनी बात रखना महात्मा गांधी की विरासत है। उन्होंने कहा:
“140 करोड़ भारतीयों के हित में प्रधानमंत्री और इस सरकार के खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है, जिसने वैश्विक दबाव में आकर देश के हितों से समझौता किया है। युवा कांग्रेस के साथियों के खिलाफ की गई यह कार्रवाई लोकतंत्र का अपमान है।”
मुख्य बिंदु जो आपको जानने चाहिए:
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गिरफ्तारी का आधार: पुलिस ने IYC अध्यक्ष उदय भानु चिब को विरोध प्रदर्शन का मास्टरमाइंड बताया है।
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कांग्रेस का रुख: राहुल गांधी ने भी इस कार्रवाई को “तानाशाही और कायरता” का प्रतीक बताया है।
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विरोध का कारण: युवा कांग्रेस कार्यकर्ता भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार सौदे (India-US trade deal) का विरोध कर रहे थे।
निष्कर्ष
प्रियंका गांधी ने स्पष्ट कर दिया है कि कांग्रेस पार्टी अपने कार्यकर्ताओं के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनता की आवाज उठाने वालों को डराने की कोशिश कर रही है, लेकिन वे पीछे नहीं हटेंगे।

