Breaking Rajasthan News | Vice-President Rajasthan Visit: जयपुर आ रहे हैं उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन; राजस्थान विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह सहित इन कार्यक्रमों में होंगे शामिल

Channelindiaone
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जयपुर | 25 अप्रैल, 2026 | Breaking Rajasthan News | Vice-President Rajasthan Visit: भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन शनिवार, 25 अप्रैल 2026 को राजस्थान की राजधानी जयपुर के एक दिवसीय दौरे पर रहेंगे। अपने इस प्रवास के दौरान उपराष्ट्रपति शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा से जुड़े दो महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। उनके आगमन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं।

राजस्थान विश्वविद्यालय का 35वां दीक्षांत समारोह

उपराष्ट्रपति के दौरे का सबसे प्रमुख पड़ाव राजस्थान विश्वविद्यालय होगा। यहाँ वे विश्वविद्यालय के 35वें दीक्षांत समारोह (35th Convocation) को संबोधित करेंगे।

दीक्षांत समारोह में उपराष्ट्रपति मेधावी छात्रों को स्वर्ण पदक और डिग्रियां प्रदान करेंगे। शिक्षा के क्षेत्र में राजस्थान विश्वविद्यालय का एक गौरवशाली इतिहास रहा है, और उपराष्ट्रपति का संबोधन युवा स्नातकों के लिए भविष्य की चुनौतियों और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को लेकर प्रेरणादायी होने की उम्मीद है।

कैंसर सर्वाइवर्स डे: उम्मीद और साहस का उत्सव

शिक्षा के बाद, उपराष्ट्रपति स्वास्थ्य सेवा के एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम में शामिल होंगे। वे भगवान महावीर कैंसर अस्पताल और अनुसंधान केंद्र (BMCHRC), जयपुर द्वारा आयोजित 23वें कैंसर सर्वाइवर्स डे (Cancer Survivors’ Day) में भाग लेंगे।

यह दिन उन लोगों के जज्बे को समर्पित है जिन्होंने कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को मात दी है। उपराष्ट्रपति का इस कार्यक्रम में शामिल होना स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और इस बीमारी से लड़ रहे मरीजों के मनोबल को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

AIIMS ऋषिकेश में दिया सेवा का संदेश

जयपुर आने से ठीक पहले, उपराष्ट्रपति ने उत्तराखंड में एम्स (AIIMS) ऋषिकेश के छठे दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता की थी। वहां उन्होंने युवा डॉक्टरों को संबोधित करते हुए कुछ महत्वपूर्ण बातें कही थीं, जो उनके विजन को दर्शाती हैं:

  • डिग्री नहीं, जिम्मेदारी की शुरुआत: उन्होंने कहा कि दीक्षांत समारोह केवल शैक्षणिक यात्रा का अंत नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के प्रति एक बड़ी जिम्मेदारी की शुरुआत है।

  • सहानुभूति और अखंडता: उन्होंने चिकित्सा पेशेवरों से अपने कर्तव्यों को सेवा, सहानुभूति और सत्यनिष्ठा के साथ निभाने का आग्रह किया।

  • नवाचार पर जोर: उपराष्ट्रपति ने युवा शोधकर्ताओं से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा अनुसंधान में नवाचार (Innovation) करने का आह्वान किया।

वैश्विक पटल पर भारत की ‘वैक्सीन मैत्री’

ऋषिकेश में अपने संबोधन के दौरान उपराष्ट्रपति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक भूमिका की भी सराहना की थी। उन्होंने याद दिलाया कि कैसे महामारी के दौरान भारत ने ‘वसुधैव कुटुंबकम’ की भावना को चरितार्थ किया:

  1. स्वदेशी वैक्सीन: भारतीय वैज्ञानिकों ने मुनाफाखोरी के बजाय मानवता के कल्याण के लिए टीके विकसित किए।

  2. निःशुल्क टीकाकरण: भारत में 140 करोड़ से अधिक नागरिकों को मुफ्त टीके लगाए गए, जिससे स्वास्थ्य सेवा में समानता सुनिश्चित हुई।

  3. वैक्सीन मैत्री: भारत ने 100 से अधिक देशों को टीकों की आपूर्ति कर दुनिया के सामने एक जिम्मेदार और दयालु वैश्विक भागीदार की मिसाल पेश की।

जयपुर में सुरक्षा और प्रोटोकॉल

उपराष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए जयपुर पुलिस और जिला प्रशासन अलर्ट पर है। हवाई अड्डे से लेकर राजस्थान विश्वविद्यालय और अस्पताल परिसर तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। यातायात व्यवस्था में भी कुछ बदलाव किए जा सकते हैं ताकि वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान आम जनता को कम से कम परेशानी हो।


उपराष्ट्रपति के जयपुर दौरे का शेड्यूल

समय/स्थान कार्यक्रम का नाम
राजस्थान विश्वविद्यालय 35वां दीक्षांत समारोह (स्वर्ण पदक वितरण)
BMCHRC, जयपुर 23वां कैंसर सर्वाइवर्स डे (संबोधन और सम्मान)
उद्देश्य शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज सेवा को बढ़ावा देना

उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन का यह दौरा राजस्थान के शैक्षणिक और सामाजिक परिदृश्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। जहाँ एक ओर वे भविष्य के कर्णधारों को डिग्री सौंपकर उन्हें देश सेवा के लिए प्रेरित करेंगे, वहीं दूसरी ओर कैंसर विजेताओं के बीच पहुँचकर वे ‘आशा और स्वास्थ्य’ का संदेश देंगे।

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