वॉशिंगटन डीसी के नेशनल मॉल में ट्रम्प-एपस्टीन की विवादित मूर्ति, ‘टाइटैनिक पोज’ ने बढ़ाई सियासी बहस

अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन डीसी के नेशनल मॉल पार्क में डोनाल्ड ट्रम्प और जेफ्री एपस्टीन की एक विवादित मूर्ति लगाई गई है, जिसे टाइटैनिक फिल्म के प्रसिद्ध “टाइटैनिक पोज” की तरह बनाया गया है। इस मूर्ति को लेकर सोशल मीडिया और राजनीति में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है।

Channelindiaone
2 Min Read
अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन डीसी के नेशनल मॉल पार्क में डोनाल्ड ट्रम्प और जेफ्री एपस्टीन की एक विवादित मूर्ति लगाई गई है

वॉशिंगटन में ट्रम्प-एपस्टीन की मूर्ति से मचा विवाद

अमेरिका की राजधानी में उस समय नई बहस छिड़ गई जब शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थल #National Mall में एक विवादित मूर्ति दिखाई दी। यह मूर्ति अमेरिकी राष्ट्रपति #Donald Trump और कुख्यात यौन अपराधी #Jeffrey Epstein को दर्शाती है।

मूर्ति की सबसे खास बात यह है कि इसे हॉलीवुड फिल्म #Titanic के प्रसिद्ध “टाइटैनिक पोज” की शैली में बनाया गया है, जिसमें दोनों आकृतियाँ उसी अंदाज में खड़ी दिखाई देती हैं जैसा फिल्म के चर्चित सीन में देखा गया था।

सोशल मीडिया पर तेज हुई चर्चा

जैसे ही इस मूर्ति की तस्वीरें इंटरनेट और सोशल मीडिया पर सामने आईं, लोगों के बीच बहस तेज हो गई। कई यूजर्स इसे राजनीतिक व्यंग्य या विरोध का प्रतीक बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों ने इसे अनुचित और विवादास्पद करार दिया है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह की कलात्मक अभिव्यक्तियां अक्सर अमेरिकी राजनीति में विरोध या आलोचना का प्रतीक बनकर सामने आती हैं।

कलाकार और उद्देश्य पर सवाल

मूर्ति किस कलाकार ने बनाई और इसे आधिकारिक अनुमति के साथ लगाया गया या नहीं, इस पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय प्रशासन की ओर से अभी तक इस पर कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है।

हालांकि, यह मामला अमेरिकी मीडिया और सोशल मीडिया में चर्चा का विषय बन चुका है और इसे लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं।

अमेरिका में राजनीतिक कला की परंपरा

अमेरिका में सार्वजनिक स्थानों पर राजनीतिक संदेश देने वाली कला नई बात नहीं है। कई बार कलाकार व्यंग्य, आलोचना या सामाजिक मुद्दों को उजागर करने के लिए ऐसी कलाकृतियों का इस्तेमाल करते हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार, यह मूर्ति भी संभवतः उसी परंपरा का हिस्सा हो सकती है, जिसका मकसद किसी राजनीतिक या सामाजिक संदेश को सामने लाना है।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!